शिक्षा के साथ संस्कार भी आवश्यक ही नहीं, अति आवश्यक हैं – एडिशनल पुलिस कमिश्नर केशव कुमार चौधरी
गाजियाबाद। शिक्षा मनुष्य के जीवन में सफलता की राह प्रशस्त करती है, लेकिन शिक्षा के साथ संस्कारों का होना भी उतना ही जरूरी है। संस्कारों से विहीन शिक्षा मनुष्य को पशुवत बना देती है। इसलिए बच्चों को किताबी ज्ञान के साथ-साथ नैतिक मूल्यों, अनुशासन और अच्छे संस्कारों की शिक्षा देना भी अत्यंत आवश्यक है। यह उद्गार गाजियाबाद के एडिशनल पुलिस कमिश्नर केशव कुमार चौधरी ने व्यक्त किए।
वे संस्कार वर्ल्ड स्कूल में आयोजित वार्षिकोत्सव समारोह में उपस्थित अभिभावकों एवं शिक्षकों को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने अपने संबोधन में शिक्षा और संस्कारों के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि बच्चों के सर्वांगीण विकास में विद्यालय और परिवार दोनों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के साथ-साथ उनमें अच्छे व्यवहार, नैतिकता, अनुशासन और समाज के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी जरूरी है।
मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया शुभारंभ
वार्षिकोत्सव समारोह का शुभारंभ मुख्य अतिथि एडिशनल पुलिस कमिश्नर केशव कुमार चौधरी ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर एवं पूजन-अर्चन के साथ किया। इस अवसर पर विद्यालय परिवार की ओर से उनका स्वागत किया गया। समारोह में उपस्थित अभिभावकों और शिक्षकों ने शिक्षा के साथ संस्कारों के महत्व पर दिए गए उनके विचारों को महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम के अंत में विद्यालय प्रशासन की ओर से मुख्य अतिथि केशव कुमार चौधरी को स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया। वार्षिकोत्सव के माध्यम से शिक्षा, संस्कार और नैतिक मूल्यों के महत्व का संदेश दिया गया।






