उरई जालौन : साइबर क्राइम से बचाव हेतु विद्यार्थियों को किया गया जागरूक
■ साइबर क्राइम से बचाव का एकमात्र उपाय जागरूकता है कहा प्रभारी निरीक्षक साइबर थाना उरई विवेक कुमार मौर्या ने ।
■ कोई साइबर क्राइम होता है तो बिना देर किए साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें और शिकायत दर्ज कराएं।
उरई। साइबर अपराधों से बचाव और जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से सिद्धान्त शॉर्ट हैंड क्लासेस में एक विशेष गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम के संयोजक संस्थान के डायरेक्टर गोपाल जी गुबरेले रहे, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में प्रभारी निरीक्षक साइबर थाना उरई विवेक कुमार मौर्या शामिल हुए।
कार्यक्रम में प्रभारी निरीक्षक ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि “साइबर क्राइम से बचाव का एकमात्र उपाय जागरूकता है।” उन्होंने छात्रों को समझाया कि किसी भी अनजान लिंक को न खोलें, किसी भी प्रकार की व्यक्तिगत जानकारी जैसे बैंक डिटेल, OTP, UPI PIN या पासवर्ड साझा न करें। अगर कोई अपरिचित कॉलर भावनात्मक दबाव, डराने-धमकाने या लालच देकर पैसे की मांग करता है तो तुरंत कॉल काट दें।
उन्होंने आगे कहा कि यदि जागरूकता बरतने के बावजूद भी कोई साइबर क्राइम होता है तो बिना देर किए साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें और शिकायत दर्ज कराएं।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए कई सवाल पूछे और साइबर सुरक्षा से जुड़ी जानकारियां प्राप्त कीं।
कार्यक्रम का संचालन आल इंडिया पत्रकार एकता संघ के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी ओमप्रकाश उदैनियां ने किया। इस दौरान साइबर थाना टीम से सब इंस्पेक्टर ज्ञानेन्द्र कुमार, सब इंस्पेक्टर एंकास सिंह सर्वार, आरक्षी कृष्णवीर इंदौलिया, आरक्षी त्रिवेन्द्र प्रताप सिंह, महिला आरक्षी श्वेता सिंह मौजूद रहे।
गोष्ठी में Focus News 24×7 के पत्रकार विनय पचौरी ने भी सहभागिता कर कार्यक्रम की कवरेज कराई।
Vinay is a Great writer undoubtedly struggled to solve the problems, too, but managed to push through and establish amazing literary careers—as will you.
Author vinay is cultivate a sense of relationship with prospective readers
Thus, editing is done to achieve a balance of news between that originating within the organization and that pouring in from outside. Sorting out and sifting also helps induce parity between the well-written articles and those written by the inexperienced reporters