संविधान और लोकतंत्र बचाने के लिए पीडीए को मजबूत करना जरूरी: सपा प्रदेश अध्यक्ष
उरई (जालौन), 18 दिसंबर। समाजवादी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष श्यामलाल पाल ने आज जमुना पैलेस में आयोजित पीडीए जनसंवाद कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि यदि संविधान और लोकतंत्र को बचाना है, तो पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) को मजबूत करना होगा। उन्होंने कहा कि बुंदेलखंड के लोगों ने भाजपा को सबक सिखाया है, और आने वाले समय में सपा राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के नेतृत्व में संविधान और लोकतंत्र की रक्षा की जाएगी।
उन्होंने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा ने चुनावी वादे पूरे नहीं किए, जबकि सपा ने हमेशा जनता के अधिकार और सम्मान की लड़ाई लड़ी। उन्होंने कहा कि जातीय जनगणना कराकर सभी वर्गों को उनका हक दिलाना सपा की प्राथमिकता है। सपा ने बेटियों को कन्या विद्या धन देकर, महिलाओं को रोजगार देकर और बेरोजगारों को भत्ता देकर उनकी स्थिति सुधारने का काम किया, लेकिन भाजपा ने ये योजनाएं बंद कर दीं।
श्यामलाल पाल ने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे गांव-गांव जाकर संविधान और लोकतंत्र बचाने का संदेश दें। उन्होंने कहा कि संविधान लोगों को रोजगार और अधिकार देता है, जबकि भाजपा जाति और धर्म की राजनीति को बढ़ावा देती है।
पिछड़ा वर्ग प्रदेश अध्यक्ष महेश कश्यप ने कहा कि सपा ने हमेशा पिछड़े और दलित वर्ग को सम्मान दिया। उन्होंने फूलन देवी को सांसद बनाने का उदाहरण देते हुए सपा की प्रतिबद्धता पर जोर दिया।
बुंदेलखंड प्रभारी समरथ पाल ने कहा कि जातीय जनगणना और संविधान सुरक्षा की सपा की मांग से भाजपा घबराई हुई है। उन्होंने संविधान सुरक्षा की लड़ाई में सभी को सपा का साथ देने की अपील की।
कार्यक्रम में पूर्व मंत्री, विधायक, जिला अध्यक्ष समेत हजारों कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी ने आगामी विधानसभा चुनाव 2027 में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाने का सं
कल्प लिया।







